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डीमैट अकाउंट क्या होता है

डीमैट अकाउंट क्या होता है
Written By: Sachin Chaturvedi @sachinbakul
Published on: July 21, 2022 17:56 IST

डीमैट अकाउंट क्या है – डीमैट अकाउंट कैसे खोले | Demat Account in Hindi

आज हम इस पोस्ट में Demat Account के बारे में जानेंगे कि डीमैट अकाउंट क्या है और इसका क्या उपयोग है , डीमैट अकाउंट कैसे खुलवाते है , डीमैट अकाउंट खुलवाने के कितने रुपये लगते है और क्या दस्तावेज लगते है एवं डीमैट अकाउंट कहां खुलवायें इस पोस्ट में आज हम विस्तार से जानेंगे ।

Demat account Kya Hai – डीमैट अकाउंट क्‍या है

Demat Account Meaning inHindi: डीमैट अकाउंट हमारे बैंक अकाउंट कि तरह ही होता है जिसका उपयोग हम शेयरों और अन्य Securities को रखने के लिये करते है। जिस तरह हम बैंक अकाउंट में पैसे रखते है ठीक उसी तरह हम डीमैट अकाउंट में शेयरों को रखते है। बस फर्क सिर्फ इतना सा है की बैंक अकाउंट में हम पैसों का लेन-देन करते है और डीमैट अकाउंट में हम शेयरों का लेन-देन करते है।

Demat Meaning in Hindi: डीमैट का मतलब होता है De-materialize इसका अर्थ है बिना किसी कागज के दस्तावेजों का होना। पुराने समय में जब लोग शेयर बाजार में निवेश करते थे तो उस समय शेयरों को खरीदने के बाद उन्हें पैसों के बदले में कुछ कागज के दस्तावेज दिए जाते थे और उन दस्तावेजों पर लिखी जानकारी से ही यह साबित होता था की यह शेयर किसके है और कौन इनका मालिक है।

पुराने समय में लोगों को Shares से सं‍बंधित दस्तावेजों को संभाल के रखना पडता था। क्योंकि कागज के दस्तावेज होने के कारण लोगों को बहुत समस्या का सामना करना पडता था और दस्तावेजों का चोरी हो जाना एवं खराब हो जाने का भी खतरा बना रहता था। लेकिन जब शेयर बाजार का सारा काम ऑनलाइन होने लगा तो उसके बाद शेयरों को भी Paperless करने का फैसला लिया गया और परिणाम स्वरूप अब शेयरों को Digitally हम अपने डीमैट अकाउंट में देख सकते है।

शेयरों के Digital होने से लोगों को अधिक लाभ हुआ क्योंकि अब उन्हें कागजों को संभाल के नहीं रखना पडता और ना ही अब दफ्तरों के चक्कर काटने पडते अब तो जैसे ही आप शेयर खरीदते है तो 2 दिन के अंदर ही वो आपको आपके अकाउंट में दिखाई देने लगते है और आप उन शेयरों को बडी ही आसानी से किसी को भी बेच सकते है।

Share Market में निवेश करने से पहले आपको शेयर्स के बारे में जानकारी होना जरुरी है क्यों की आप जब तक शेयर को नहीं समझेंगे तब तक आप शेयर बाजार में निवेश नहीं कर पायगे तो सबसे पहले आप यह जाने की शेयर होता क्या है।

Demat Account in Hindi : - जब हम डीमैट अकाउंट खुलवाते है तब हमारे बैंक अकाउंट को डीमैट अकाउंट से जोड दिया जाता है ताकि हम आपने बैंक अकाउंट से डीमैट अकाउंट में पैसे डाल सकें और फिर शेयरों को खरीद सकें एवं शेयरों को खरीदने के बाद शेयरों को डीमैट अकाउंट में ही रखा जाता है और जब हमें शेयरों को बेचना होता है तो हम शेयरों को Demat account से ही बेचते है।

लोगों के मन में हमेशा एक सवाल रहता है कि जब हम डीमैट अकाउंट खुलवाते है और जब डीमैट अकाउंट हमारे बैंक अकाउंट से जुडा रेहता है तो क्या शेयर मार्केट में काम करते समय हमारे बैंक अकाउंट से पैसा अपने आप कट जाता है ?

जी नहीं , हाँ आपका बैंक अकाउंट आपके डीमैट अकाउंट से जरूर जुडा रेहता है लेकिन आपके बैंक अकाउंट से उसका कोई संबंध नहीं होता , आपके डीमैट अकाउंट से आपके बैंक अकाउंट को सिर्फ इस लिए जोड़ा जाता है ताकि आप आपने डीमैट अकाउंट में आपने बैंक अकाउंट से लेन-देन कर सकें ।

अगर आप शेयर मार्केट में काम कर रहें है और उसमें आपको नुकसान हो रहा है या फायदा हो रहा है तो दोनों ही सूरत में असर सिर्फ आपके डीमैट अकाउंट पर ही होगा ना की आपके बैंक अकाउंट पर तो अब आप निश्चिंत हो जाये।

Demat Account in Hindi: अगर आपको डीमैट अकाउंट से शेयर खरीदना है तो आपको सबसे पहले शेयर कैसे खरीदें इसके बारे में जानकारी होनी चाहिए तभी आप शेयरों को खरीद पायेंगे अगर आप जानना चाहते है की शेयर कैसे खरीदे तो

Demat Account खोलने के लिये निम्न दस्तावेजों कि आवश्यकता होती है।

(1) Saving Account जिसमें Internet Banking की सुविधा हो।

(2) Pan Card होना अनिवार्य है बिना पैन कार्ड के डीमैट अकाउंट नहीं खोल सकते।

(3) Passport size Photo और Address Proof.

(4) एक Cancelled Check जिसकी जरूरत पड़ सकती है।

SEBI (Securities and Exchange Board of India) के द्वारा दो Organization को डीमैट अकाउंट खोलने कि जिम्मेदारी दी गई है NSDL or CDSL यह दोनों Organizations में Register Depository Participant (DP) ही डीमैट अकाउंट खोल सकते है। इनके अलावा और कोई डीमैट अकाउंट नहीं खोल सकता।

NSDL को हम ( National Securities Depository Limited) or CDSL (Central Depository Securities Limited) कहते है। इन दोनों Organization में 500+ से भी ज्यादा DP Register है जिनमें से किसी के पास भी हम अपना डीमैट अकाउंट खुलवा सकते है क्योंकि चाहे आप किसी भी DP के पास अपना खाता खुलवायें सभी DP SEBI के प्रति जवाबदार होंगे।

मार्केट में कई सारे Depository Participants है जिनके पास आप अपना डीमैट अकाउंट खुलवा सकते है जिनमें से कुछ के नाम है Reliance Money, Share Khan, Zerodha, Angel Broking, Kotak Securities, Motilal Oswal कई सारें DP आपको मिल जायेंगे। आज के समय में सभी बैंक भी यह सुविधा देते है परंतु उनका Charge भी अधिक होता है।

Demat Account in Hindi: डीमैट अकाउंट खुलवाना कोई बडी बात नहीं है एक सामान्य Charge के साथ आपका डीमैट अकाउंट खुलवा सकता है। डीमैट अकाउंट खुलवाने की सामान्य फीस 300-700 Rs के बीच लगती है। परन्तु कई सारे Depository Participant आपसे डीमैट अकाउंट खुलवाने के पैसे भी नहीं लेते और Free में आपको डीमैट अकाउंट खोल के देते है।

लेकिन डीमैट अकाउंट खोलने की फीस के साथ-साथ आपको कई अन्य Charges भी देने पड सकते है। जैसे की Annual Maintenance Fee यह आपसे आपके अकाउंट को Maintain करके रखने के लिये Charge की जाती है । Transactions Fee यह आपसे आपके डीमैट अकाउंट पर होने वाले Transactions के हिसाब से लिया जाता है। हो सकता है यह Charge आपसे % के हिसाब से लिया जाये या फिर Discount के हिसाब से और इसके अलावा और भी कई Charges भी हो सकते है सुविधा अनुसार होते है।

देखिये मार्केट में कई सारे DP Brokers है जो आपको अलग-अलग तरह के Offer देके आपको लुभाते है आपको डीमैट अकाउंट खोलने से पहले यह सुनिश्चित करना होगा की आपको किस तरह के डीमैट अकाउंट की जरूरत है।

यह हम कुछ उदाहरणों से समझेंगे की अगर हम इनमें से एक है तो किस तरह का डीमैट अकाउंट हमें खुलवाना चाहिए।

Demat Account in Hindi: मान लेते है कि आप एक निवेशक है जो अधिक समय के लिये निवेश करना चाहते है तो उनके लिए एक ऐसे DP के पास अपना अकाउंट खुलवाना है जो Annual Maintenance Charges कम ले और अच्छी सुविधा दे हो सकता है आपको उसके Transactions Fee ज्यादा लगे पर फिर भी आपको उससे फायदा होगा क्योंकि आप अधिक समय के लिये निवेश कर रहे हैं तो आपके Transactions भी कम होंगे चूकि हम अधिक समय के लिये शेयरों को डीमैट अकाउंट में रखेंगे तो हमारा Annual Maintenance Charge और कोई भी ऐसा Charge जो निवेश से संबंधित हो कम ही हो तो बेहतर होगा ।

Demat Account in Hindi: मान लेते है कि आप एक Trader है मतलब आप शेयरों को खरीद कर और बेच कर पैसे कमाना चाहते है तो इस स्थित में आपके Transactions Charges कम होने चाहिए क्योंकि अगर आप बार-बार शेयरों को खरीदेंगे और बेचेंगे तो आपको Transactions Charges ज्यादा देने होंगे तो आपको एक ऐसे DP के पास अपना अकाउंट खुलवाना है जहां आपको कम से कम Transactions फीस पर Transactions करने की सुविधा मिले।

मार्केट में कई सारे DP है जो अलग-अलग तरह के Offer देते है तो आप उस DP के पास डीमैट अकाउंट क्या होता है अपना डीमैट अकाउंट खुलवाये जहां आपको सबसे ज्यादा सुविधा मिले क्योंकी जब से SEBI ने Share Market को Regulate करना Start किया है तब से कोई भी DP आपके साथ धोखा नहीं कर सकता इस लिए आप बिना फ़िक्र किये अपना खाता सबसे अच्छा Offer देने वाली DP Company/firm में खुलवा सकते है.

अगर आप Shares ख़रीदन और बेचना चाहते है तो आपके पास एक TradingAccount भी होना चाहिए। बिना trading account के आप Stock Exchange मैं न तो shares खरीद सकते और न हे बेच सकते।

अब आप समझ ही गये होंगे की आपको अपना डीमैट अकाउंट कहां और कैसे खुलवाना है। अगर अापको डीमैट अकाउंट खुलवाने में कोई समस्या हो रही है या आप के मन में कोई प्रश्न है जो आप हमसे पुछना चाहते है तो आप नीचे Comment करके पुछ सकते है।

आपको डीमैट अकाउंट क्या होता है हमारी यह पोस्ट What is Demat Account in Hindi ( डीमैट अकाउंट क्या है) अगर पसंद आई तो इसे आपने मित्रों के साथ Share करना ना भूले इसी तरह की जानकारी सबसे पहले पाने के लिए हमारे Newsletter को Subscribe करें और हमारे Facebook Page को Like करें ताकि आप तक हमारी नई पोस्ट की जानकारी सबसे पहले पहुँच सके।

Demat Account: आप भी हैं एक से अधिक डीमैट खातों से परेशान, ये है सभी शेयरों को एक अकाउंट में ट्रांसफर करने का तरीका

Demat Account: आप ​डीमैट खाते में शेयर ट्रांसफर करना चाहते हैं तो आपके पास दो विकल्प हैं। आप ऑनलाइन या फिर ऑफलाइन मोड से शेयरों को एक अकाउंट से दूसरे डीमैट अकाउंट में ट्रांसफर कर सकते हैं।

Sachin Chaturvedi

Written By: Sachin Chaturvedi @sachinbakul
Published on: July 21, 2022 17:56 IST

Dmat Account - India TV Hindi News

Photo:PTI Dmat Account

Highlights

  • आप ऑनलाइन या ऑफलाइन मोड से एक अकाउंट से दूसरे डीमैट अकाउंट में ट्रांसफर कर सकते हैं
  • देश में डिपॉजिटरीज डीमैट खातों की देखरेख करते हैं, ये हैं NSDL और CDSL
  • CDSL के साथ डीमैट खाता होने पर आप ऑनलाइन शेयर ट्रांसफर कर सकते हैं

Demat account: शेयर बाजार में निवेश के लिए सबसे पहली जरूरत होती है कि आपके पास अपना एक डीमैट अकाउंट हो। इसी डीमैट खाते से आप किसी आईपीओ में निवेश करने के अलावा शेयरों की खरीद बिक्री कर सकते हैं। देश में फिलहाल प्रति माह 8 लास से अधिक डीमैट खाते खोले जा रहे हैं। अक्सर लोग आईपीओ में अधिक लॉट खरीदने के चक्कर में एक से अधिक डीमैट खाते खोल लेते हैं। इसके अलावा कई बार ऐजेंट के कहने पर भी हम दूसरा अकाउंट खोल ही देते हैं।

यदि आप एक्टिव ट्रेडर हैं तो एक से अधिक अकाउंट होने में कोई गुरेज नहीं है, लेकिन यदि आप शौकिया मार्केट में निवेश करते हैं या फिर ज्यादा एक्टिव नहीं हैं तो यह आपके लिए मुसीबत का कारण भी बन सकता है। एक तो आपको डीमैट अकाउंट का वार्षिक चार्ज देना पड़ता है, इसके अलावा डीमैट खातों पर हैकिंग का खतरा भी होता है। हैकर्स आपके अकाउंट से शेयर खरीद में फर्जी वाड़ा कर सकते हैं और आपको पता भी नहीं चलेगा। ऐसे में अगर आपके पास भी एक से अधिक डीमैट खाते हैं तो बेहतर होगा कि आप अपने शेयर्स को तुरन्त दूसरे अकाउंट में ट्रांसफर कर लें। आइए जानते हैं इसका क्या तरीका है:

आपके पास हैं दो विकल्प

आज डीमैट खाता पूरी तरह से डिजिटल हो चुका है। शेयर खरीद से लेकर पैसा ट्रांसफर तक सब कुछ डिजिटल है। लेकिन यदि आप ​डीमैट खाते में शेयर ट्रांसफर करना चाहते हैं तो आपके पास दो विकल्प हैं। आप ऑनलाइन या फिर ऑफलाइन मोड से शेयरों को एक अकाउंट से दूसरे डीमैट अकाउंट में ट्रांसफर कर सकते हैं।

ऑफलाइन मोड

देश में डिपॉजिटरीज डीमैट खातों की देखरेख करते हैं, ये हैं NSDL और CDSL, इनकी मदद से आप ऑफलाइन मोड में शेयर ट्रांसफर कर सकते हैं। लेकिन इसके लिए डिलीवरी इंस्ट्रक्शन स्लिप (DIS) की जरूरत पड़ेगी। इस फॉर्म में ट्रांसफर किए जाने वाले शेयरों का ISIN नंबर, कंपनी का नाम और जहां इन्‍हें ट्रांसफर किया जा रहा है उस डीमैट अकाउंट और उसका DP Id दर्ज करना होगा। यहां पुराने वाले ब्रोकर के ऑफिस में आगे के प्रोसेस के लिए फॉर्म जमा कराना होगा।

Demat and Trading अकाउंट की पूरी जानकारी

Photo of Rishika Mukherjee

जैसा कि हम सभी जानते है कि परिवर्तन ही प्रकृति का नियम है। प्राचीन काल से लेकर आज तक हमारे रहन सहन, काम करने के तरीकों आदि में भारी बदलाव आया है तथा टेक्नोलॉजी की वजह से दुनिया लगातार बदल रही है। इसके कारण शेयर मार्किट में ट्रेडिंग करने तथा इन्वेस्टिंग करने के तरीकों में भी काफी बदलाव आया है।

मार्च 2020 के बाद से ही बड़ी संख्या में डीमैट अकाउंट खुलने लगे है तथा विशेष रूप से हमारे देश के युवा लोग इस क्षेत्र की और काफी आकर्षित हो रहे है लेकिन यहां पर ध्यान देने वाली बात यह है कि अभी भी बहुत सरे लोगों को शेयर मार्केट तथा इससे जुडी बहुत सारी बेसिक डिटेल्स का भी पता नहीं है।

तो आज के इस ब्लॉग में हम डीमैट अकाउंट तथा ट्रेडिंग अकाउंट के बारे में विस्तार से जानने की कोशिश करेंगे।

Demat Account क्या है ?

हम सभी बैंक अकाउंट के नाम तथा इसके उपयोग के बारे में परिचित है। हमारे बैंक अकाउंट में हम पैसे रख सकते है तथा निकाल सकते है तथा जमा भी करवा सकते है। एक डीमैट अकाउंट भी हमारे बैंक अकाउंट की तरह सिक्योरिटीज को इलेक्ट्रॉनिक रूप में होल्ड करने के काम आता है।

अगर आपके पास फिजिकल शेयर्स है तथा आप उनको इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म में एक सुरक्षित जगह पर रखना चाहते है तो उस स्थिति में आप एक डीमैट अकाउंट खुलवाकर अपने शेयर्स को सुरक्षित रूप से इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म में रख सकते है। इसके अलावा आप इस खाते में पैसे भी रख सकते है जिनकी मदद से आप शेयर्स खरीद सकते है। लेकिन यहां पर ध्यान देने वाली बात यह है कि आपको यहां पर बैंक अकाउंट की तरह किसी प्रकार के मिनिमम शेयर्स या पैसे रखने की जरूरत नहीं पड़ती। अगर आपके पास 0 शेयर्स है तो भी आपका डीमैट अकाउंट एक्टिव रह सकता है।

लेकिन इस अकाउंट की मदद से आप सिक्योरिटीज की खरीददारी तथा बिकवाली नहीं कर सकते अर्थात ट्रेडिंग नहीं कर सकते।

डीमैट अकाउंट के प्रकार -

हमने यह तो समझ लिया कि एक डीमैट अकाउंट क्या होता है तो आइये अब यह समझ लेते है कि ये कितने प्रकार के होते है तथा उनमें क्या क्या फर्क होता है -

1. Regular Demat Account -

अगर आप एक सामान्य भारतीय नागरिक है तो यह अकाउंट आपके लिए एक आदर्श अकाउंट है जिसमे आप अपनी सिक्योरिटीज तथा इक्विटीज को होल्ड करके रख सकते हो तथा इसकी मदद से आप IPOs में भी इन्वेस्ट कर सकते हो।

लेकिन समस्या तब खड़ी होती है जब आप उन शेयर्स को बेचना चाहते है और उसके लिए आपको एक डीमैट अकाउंट की जरूरत पड़ेगी।

सेबी के नए नियम के अनुसार आपको 50 हजार रूपये से कम की होल्डिंग्स के लिए किसी भी प्रकार के Maintenance Charges देने की भी जररूत नहीं पड़ेगी।

2. Repatriable Demat Account -

अगर आप एक NRI है तथा आप जिस देश में रहते है उस देश से भारत में फण्ड ट्रांसफर करना चाहते है तो ये अकाउंट आपके लिए ही बना है जिसमे आप एक साल में अधिकतम 1 मिलियन USD तक का फण्ड ट्रांसफर कर सकते है लेकिन इस प्रकार का डीमैट अकाउंट खुलवाने के लिए आपको एक NRE Bank Account की जरूरत पड़ेगी।

Non - Resident External या NRE अकाउंट एक बैंक अकाउंट है जो एक NRI द्वारा उसके वर्तमान देश से भारत में पैसे ट्रांसफर करने के काम आता है तथा यह अकाउंट रूपये के Denominations पर आधारित है।

3. Non - Repatriable Demat Account -

यह अकाउंट भी उन लोगों के लिए है जो भारत से बाहर रहते है लेकिन Repatriable Account की तरह आप इसमें विदेश से हमारे देश में पैसे ट्रांसफर नहीं कर सकते। अगर आप इस प्रकार का अकाउंट खुलवाना चाहते है तो आपके पास एक NRO अकाउंट होना चाहिए।

अगर आप वर्तमान में विदेश में रह रहे है लेकिन आप जब भारत में थे तब आपने कुछ शेयर्स खरीदे थे तथा अब आप उन शेयर्स को होल्ड करना चाहते है तो यह अकाउंट आपके लिए बिल्कुल सही है।

Trading क्या है?

जैसे कि हमने पहले भी चर्चा की थी कि एक डीमैट अकाउंट में आप केवल सिक्योरिटीज को होल्ड करके रख सकते है लेकिन अगर आप इनकी खरीददारी तथा बिकवाली करना चाहते है तो इसके लिए आपके पास एक ट्रेडिंग अकाउंट होना चाहिए इसको भी हम निम्नलिखित प्रकारों में बाँट सकते है -

1. Equity तथा Derivatives Trading Account

यह सबसे आम ट्रेडिंग अकाउंट है जिसकी मदद से आप Shares , Futures तथा Options में ट्रेड कर सकते है। ये सारे Transactions आप अपने घर से ही कर सकते हो या फिर अपने ब्रोकर को कॉल करके भी बता सकते हो तथा आपका ब्रोकर आपका ये काम कर देगा। आपके सभी अकाउंट T+1 Day के हिसाब से Execute हो जाएंगे।

अगर आप केवल Futures and Options में ही ट्रेड करते है तो आपको डीमैट अकाउंट की भी जरूरत नहीं पड़ती क्योंकि यह ट्रेड एक विशेष समय में ही ख़तम हो जाता है लेकिन स्टॉक्स के लिए आपको डीमैट अकाउंट की जरूरत पड़ सकती है।

2. Commodity Trading Account

अगर आप Multi Commodity Exchange (MCX) में ट्रेड करना चाहते है तो आपको एक कमोडिटी ट्रेडिंग अकाउंट की जरूरत पड़ेगी इस अकाउंट को खुलवाने के बाद आप आसानी से कमोडिटी futures and Options में ट्रेड कर सकते है।

यहां पर भी transactions T+1 Day के आधार पर ही Execute होते है।

3. Discount Trading Account

जो लोग भारी संख्या में स्टॉक्स का Transactions करते है तो इस प्रकार के अकाउंट में फीस काफी कम लगती है लेकिन ये किसी भी प्रकार की एडिशनल सर्विसेज प्रदान नहीं करते है लेकिन Call and Trade जैसी सर्विसेज का फायदा आप कुछ एक्स्ट्रा फीस देकर उठा सके है।

एक इन्वेस्टर के तौर पर आप उपरोक्त तीनों में से किसी भी प्रकार का अकाउंट खुलवा सकते हो। कई बैंक्स आपको 3-in-1 की भी सुविधा भी प्रदान करती है। जो भी ब्रोकिंग फर्म्स बैंकों से जुडी होती है उनमें आप इस प्रकार के अकाउंट का फायदा उठा डीमैट अकाउंट क्या होता है सकते हो इसमें आपको बैंकिंग सर्विसेज के साथ-साथ ट्रेडिंग तथा डीमैट अकाउंट की सर्विसेज भी मिलती है।

डीमैट अकाउंट तथा ट्रेडिंग अकाउंट में अंतर :-

आधार

डीमैट अकाउंट

ट्रेडिंग अकाउंट

उपयोग

शेयर्स तथा सिक्योरिटीज को इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म में स्टोर करने के लिए एक डीमैट अकाउंट की जरूरत पड़ती है

सिक्योरिटीज को खरीदने तथा बेचने के लिए एक ट्रेडिंग अकाउंट की जरूरत पड़ती है

पहचान

डीमैट अकाउंट खुलने के बाद इन्वेस्टर को एक यूनिक ID नंबर दिया जाएगा

इसमें आपको अकाउंट खुलवाने के बाद एक ट्रेडिंग ID दी जाएगी

उद्देश्य

शेयर्स की सुरक्षा के लिए

शेयर्स तथा सिक्योरिटीज की खरीददारी तथा बिकवाली की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए


एक ट्रेडिंग तथा डीमैट अकाउंट कैसे खुलवाएं?

एक ट्रेडिंग तथा डीमैट अकाउंट खुलवाने के लिए आपकी उम्र 18 साल से ज्यादा होनी चाहिए या फिर आपको अभिभावकों की कानूनी परमिशन चाहिए होगी तथा उसके बाद आप शेयर्स तथा सिक्योरिटीज की खरीददारी तथा बिकवाली कर सकते है।

इसके अलावा आपको एक पैन कार्ड की जरूरत पड़ेगी तथा इन स्टेप्स को फॉलो करना होगा -

1 डीमैट अकाउंट खुलवाने के लिए आपको Depository Participant या DP से संपर्क करना होगा जिसके बारे में आप Central Depository Services या फिर National Securities Depository Limited से जानकारी प्राप्त कर सकते है। ट्रेडिंग अकाउंट खुलवाने के लिए आपको एक ब्रोकर या ब्रोकिंग फर्म से संपर्क करना होगा।

2 अपने एड्रेस प्रूफ, पैन कार्ड, ID प्रूफ आदि देने के बाद आपको एक KYC भरनी पड़ेगी।

3 डीमैट अकाउंट की स्थिति में आपको एक एग्रीमेंट साइन करना होगा। इसकी एक कॉपी अपने पास जरूर रखें।

4 ट्रेडिंग अकाउंट के लिए आपको एक वेरिफिकेशन प्रोसेस से गुजरना होगा।

5 थोड़े समय बाद आपके डीमैट अकाउंट तथा ट्रेडिंग अकाउंट खुल जाएंगे तथा आप उनका उपयोग कर सकते है।

निष्कर्ष -

हम आशा करते है कि इस आर्टिकल में लिखी गयी बातें आपके ट्रेडिंग तथा डीमैट अकाउंट से सम्बंधित सारे डाउट्स दूर कर देगी तथा आपको एक सही डीमैट तथा ट्रेडिंग अकाउंट खुलवाने में सहायता मिलेगी।

शेयर मार्किट एक ऐसी जगह है जहां आप अगर बिना नॉलेज काम करते है तो आपको नकारात्मक परिणाम मिल सकते है। इसलिए आपको हमेशा इसके बारे में कुछ नया सीखते रहना चाहिए।

Demat Account in Hindi - डीमैट अकाउंट क्या होता है?

डीमैट अकाउंट क्या है? - What is Demat Account Hindi:

आपका 'डीमैट अकाउंट' किसी भी Bank Account के जैसा ही होता है, इसमें अंतर सिर्फ इतना है कि किसी बैंक अकाउंट में पैसों से जुड़ा लेनदेन होता है। जबकि डीमैट अकाउंट में शेयरों और प्रतिभूतियों का लेनदेन होता है।

जिस प्रकार हमारे बैंक अकाउंट में हमारा पैसा सुरक्षित रहता है, वैसे ही डीमैट अकाउंट में शेयर सुरक्षित रहते हैं।

Demat Account भी किसी बैंक खाते की तरह Credit और Debit पर काम करता है। आप अपने डीमैट अकाउंट में शेयर के अलावे सरकारी बॉन्ड्स और Mutual funds भी ख़रीद और बेच सकते है।

डीमैट खाते के लिए ज़रूरी पहचान प्रमाण पत्र (Proof of Identity):

अगर आप भी डीमैट अकाउंट खोलना चाहते हैं तो आपके पास नीचे दिए गए ज़रूरी पहचान प्रमाण पत्र की आवश्यकता होगी।

डीमैट खाता खोलने के लिए Identity Proof:

  • पैन कार्ड
  • मतदाता पहचान पत्र
  • पासपोर्ट
  • ड्राइवर लाइसेंस
  • बैंक सत्यापन
  • आईटी रिटर्न
  • बिजली बिल, टेलीफ़ोन बिल(दो महीन से अधिक पुराना नहीं)
  • केंद्र/राज्य सरकार और उसके विभाग/ संवैधानिक/ विनियामक प्राधिकारी/ सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम/ बैंक द्वारा जारी किए गए पहचान पत्र पते के साथ

डीमैट खाता खोलने के लिए पते का प्रमाण पत्र (Proof of Address):

डीमैट अकाउंट खोलने के लिए आपको पहचान प्रमाण पत्र के आलावा आपके पास इन में से एक पते का प्रमाण पत्र की आवश्यकता होगी।

  • आधार कार्ड
  • पासपोर्ट
  • मतदाता पहचान पत्र
  • ड्राईविंग लाइसेंस
  • बिजली बिल, टेलीफ़ोन बिल(दो महीन से अधिक पुराना नहीं)
  • केंद्र/राज्य सरकार और उसके विभाग/ संवैधानिक/ विनियामक प्राधिकारी/ सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम/ बैंक द्वारा जारी किए गए प्रमाण पत्र पते के साथ।

कहाँ खोले Demat Account:

SEBI ने डीमैट अकाउंट Open और Manage करने के लिए 2 Depository को मंजूरी दी है:-

  • National Securities Depository Limited (NSDL) और
  • Central Depository Services Limited (CDSL)

इन दोनों के साथ कई Depository Participant (DP) जुड़े होते हैं। डीपी को इनमें से किसी एक Depository के पास रजिस्टर्ड होना चाहिए। आप अपना डीमैट अकाउंट किसी भी रजिस्टर्ड डीपी के पास ही खुलवाए। Bank, Stock Broker, Financial institutions भी Depository Service दे सकते हैं।

India में बहुत से Stock Broker और Depository Service Provider हैं, जो NSDL और CDSL के पास Registered हैं। यहाँ कुछ Best Depository Participant की List इस प्रकार से हैं:-

Demat Account खोलने की फीस:

डिमैट खाता को बिना किसी शेयर के भी खोला जा सकता है और किसी न्यूनतम राशि को बनाए रखने की भी आवश्कता नहीं होती है, आपके खाते में Zero Balance भी हो सकती है।

कई बार यह Charges अलग़ अलग Depository के लिए उसके द्वारा तय किए होते हैं, जो किसी दूसरे Depository Participant से अलग हो सकता हैं।

Demat Account में Nomination:

आप Account Opening Form में Nomination के लिए अपनी पंसद के किसी भी Family Member को Nominee बना सकते हैं। इससे Demat Account Holder की मुत्यु होने के बाद Nominee को आसानी से transfer किया जा सकता है।

आज हमने Demat Account क्या हैं.? इसके बारे में जाना। उम्मीद करता हूँ कि आपको यह Demat Account Ki Hindi में जानकारी पसंद आई होगी। आपको यह जानकारी कैसी लगी.?

अगर आपके पास भी कोई Demat Account से जुडी Information हो तो आप हमें Comment में जरूर बताए। और अपने दोस्तों के साथ Share ज़रूर करे, हो सकता हैं उन्हें भी डीमैट खाते को लेकर जानकारी ना हो।

Posted by: 1stposthindi

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डीमैट अकाउंट क्या है डीमैट अकाउंट कैसे खोलें

डीमैट अकाउंट क्या है


शेयर बाजार में कोई भी व्यक्ति बिना डीमैट अकाउंट के शेयर खरीद और बेंच नहीं सकता है डीमेट डीमेट अकाउंट आपके बैंक अकाउंट जैसा ही होता है बैंक अकाउंट में आप रुपए का

लेना-देना करते हैं उसी प्रकार डीमेट अकाउंट में आपके shares को डेबिट और क्रेडिट किया जाता है डीमैट अकाउंट आपके द्वारा खरीदे गए ऑनलाइन शेयर क्रेडिट एंड डेबिट किए जाते हैं


अकाउंट खोलने के लिए शीर्ष बैंकों में यह सेवा उपलब्ध है जैसे आईसीआईसी बैंक एसबीआई बैंक पंजाब नेशनल बैंक एचडीएफसी बैंक आदि डीमेट अकाउंट की सुविधा प्रदान करती हैं और प्राइवेट में बहुत सारी कंपनियां डीमेट अकाउंट की सुविधा प्रदान करते हैं सेबी रजिस्टर्ड ब्रोकरेज कंपनियां डीमैट अकाउंट ऑनलाइन खुलती है इसमें आपको कहीं भी जाने की जरूरत नहीं रहती है डीमैट अकाउंट खोलने वाली कंपनियां जरोदा एंजल ब्रोकिंग सेमको 5paisa आदि कंपनियां डीमेट अकाउंट खोलती है
यह लेख आप www.highreturn.in पर पढ़ रहे हैं

👉 डीमैट अकाउंट क्यों आवश्यक है .


शेयर बाजार में बिना डिमैट अकाउंट के आप कोई भी शेयर खरीद या बेच नहीं सकते हैं ट्रेडिंग करने के लिए आपको डीमैट अकाउंट की जरूरत पड़ेगी क्योंकि आपके द्वारा खरीदे गए शेरों को इलेक्ट्रिक तौर पर आपके डीमेट अकाउंट में ही जमा किया जाता है और भविष्य में जब उन शेयरों को आप बेचते हैं तो आपके अकाउंट से क्रेडिट कर दिए जाते हैं इसीलिए बिना डीमेट अकाउंट के आप शेयर मार्केट में कोई भी ट्रेड नहीं कर सकते डीमैट अकाउंट शेयर मार्केट में आपकी पहचान बताता है.

👉 डीमैट अकाउंट खोलने के लिए आवश्यक कागजात


डीमैट अकाउंट खोलने के लिए आपके पास पैन कार्ड आधार कार्ड कैंसिल चेक बुक और एक बैंक खाता जिसमें ऑनलाइन बैंकिंग की सुविधा उपलब्ध हो पासपोर्ट साइज दो फोटो इन डॉक्यूमेंट की जरूरत डीमैट अकाउंट खोलने में पड़ती है डिमैट अकाउंट आधे घंटे में ऑनलाइन ओपन हो जाता है और उसको वेरिफिकेशन करने में कुछ समय लग सकता है वेरिफिकेशन के बाद आपको स्पीड पोस्ट से कंपनी द्वारा भेजे गए कुछ फॉर्म पर साइन करके फोटो चिपका के आधार कार्ड पैन कार्ड फोटोकॉपी और कैंसिल चेक को कंपनी के पते पर पोस्ट करना पड़ता है


जिस कंपनी के द्वारा आपका DEMAT ACCOUNT खोला गया है वह कंपनी अपना सॉफ्टवेयर या मोबाइल एप आपको प्रदान करता है यूजर आईडी पासवर्ड के माध्यम से सॉफ्टवेयर या मोबाइल ऐप में आप लॉगिन करके शेयर मार्केट में शेयरों की खरीदऔर बिक्री कर सकते हैं शेयर बाजार में शेयरों की खरीद और बिक्री करने के लिए आपको अपने Demat account के वॉलेट में पहले पैसे जमा करने होंगे

👉 डीमैट अकाउंट ओपन करने के लिए कितना शुल्क पड़ता है

मौजूदा समय में डीमैट अकाउंट ओपन करने के लिए कोई भी शुल्क नहीं पड़ता है बाद में आपको 1 साल का मेंटेनेंस चार्ज देना पड़ता है जो नाममात्र का होता है.

डीमैट अकाउंट क्या है डीमैट अकाउंट कैसे खोलें


Qक्या डीमेट अकाउंट को ट्रांसफर किया जा सकता है
A नहीं डीमैट अकाउंट को ट्रांसफर नहीं किया जा सकता

Q क्या एक से अधिक डीमेट अकाउंट ओपन किए जा सकते हैं
A हां आप एक से अधिक डिमैट अकाउंट ओपन कर सकते हैं

Q क्या मैं डीमैट अकाउंट ओपन कर सकता हूं
A जी हां भारत का वह कोई भी नागरिक जो 18 वर्ष से ऊपर वयस्क है Demat account ओपन कर सकता है

Qक्या डिमैट अकाउंट पर नॉमिनी की सुविधा रहती है

A जी हां डीमेट अकाउंट पर नॉमिनी की सुविधा उपलब्ध रहती है अकाउंट होल्डर की मृत्यु हो जाने पर नॉमिनी को डिमैट अकाउंट में जमा शेयरों का मालिक घोषित कर दिया जाता है

Qक्या महिलाएं भी डिमैट अकाउंट ओपन कर सकती हैं
A जी हां महिला और पुरुष दोनों ही डीमेट अकाउंट ओपन कर सकते हैं बशर्ते वह वयस्कों हो


शेयर मार्केट स्टॉक एक्सचेंज ब्रोकर शेयर मार्केट संबंधित सारी प्रक्रिया सेबी की निगरानी में रहती है आपके ब्रोकर जिसके द्वारा डिमैट अकाउंट ओपन किया है ब्रोकर के द्वारा किसी भी धोखाधड़ी की शिकायत आप SEBI को कर सकते हैं

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